Potery collection 571 (Edition1)

Author:   Gaurav Arora
Publisher:   Libresco Feeds Private Limited
ISBN:  

9789375102380


Pages:   36
Publication Date:   03 November 2025
Format:   Paperback
Availability:   Available To Order   Availability explained
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Potery collection 571 (Edition1)


Overview

एक सरल कविता हर दिन शांति से शुरू होता है, जब रोशनी कमरे में प्रवेश करती है और छोटी-छोटी आवाज़ें दुनिया को जगाती हैं। एक कप चाय, कदमों की आहट, और हवा की हल्की सी हरकत हमें याद दिलाती है कि जीवन छोटे-छोटे पलों से बना है। ये पल अक्सर अनदेखे रह जाते हैं, फिर भी अपने भीतर कई कहानियाँ समेटे होते हैं। लोग अपनी दिनचर्या में आगे बढ़ते हैं-काम पर जाते हुए, बस स्टॉप पर इंतज़ार करते हुए, मुस्कानें बाँटते हुए, और अनकहे विचारों को मन में लिए हुए। इन साधारण दृश्यों में कविता चुपचाप जीवित रहती है। यह ठहराव में, थकी हुई आँखों में, और हर सुबह लौटने वाली उम्मीद में मौजूद होती है..

Full Product Details

Author:   Gaurav Arora
Publisher:   Libresco Feeds Private Limited
Imprint:   Libresco Feeds Private Limited
ISBN:  

9789375102380


ISBN 10:   9375102386
Pages:   36
Publication Date:   03 November 2025
Audience:   General/trade ,  General
Format:   Paperback
Publisher's Status:   Active
Availability:   Available To Order   Availability explained
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एक सरल कविता हर दिन शांति से शुरू होता है, जब रोशनी कमरे में प्रवेश करती है और छोटी-छोटी आवाज़ें दुनिया को जगाती हैं। एक कप चाय, कदमों की आहट, और हवा की हल्की सी हरकत हमें याद दिलाती है कि जीवन छोटे-छोटे पलों से बना है। ये पल अक्सर अनदेखे रह जाते हैं, फिर भी अपने भीतर कई कहानियाँ समेटे होते हैं। लोग अपनी दिनचर्या में आगे बढ़ते हैं-काम पर जाते हुए, बस स्टॉप पर इंतज़ार करते हुए, मुस्कानें बाँटते हुए, और अनकहे विचारों को मन में लिए हुए। इन साधारण दृश्यों में कविता चुपचाप जीवित रहती है। यह ठहराव में, थकी हुई आँखों में, और हर सुबह लौटने वाली उम्मीद में मौजूद होती है..

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